नेत्रदान
परियोजना। प्रक्रिया।
संकल्प। अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न।

यह क्या है?
कॉर्निया से जुड़ी दृष्टिबाधा उन नेत्र रोगों के कारण होती है, जिनसे आँख की पारदर्शी झिल्ली पर निशान पड़ जाते हैं और दृष्टि कम हो जाती है। यह विश्वभर में दृष्टिहीनता के प्रमुख कारणों में चौथे स्थान पर है। इसके कारणों में ट्रेकोमा, आँखों में चोट और संक्रमण शामिल हैं।
बच्चों में दृष्टिहीनता ज़ेरोफ्थैल्मिया, कंजंक्टिवाइटिस और कुछ दुर्लभ संक्रमणों के कारण हो सकती है। कॉर्निया प्रत्यारोपण ही इसका एकमात्र उपचार है, लेकिन नेत्रदाताओं की सीमित उपलब्धता के कारण बहुत से लोगों तक यह सुविधा नहीं पहुँच पाती।
दिशा टीम नियमित रूप से नेत्रदान जागरूकता अभियान आयोजित करती है, जिनमें निम्नलिखित गतिविधियाँ शामिल हैं:
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विभिन्न सामाजिक और धार्मिक समूहों के साथ कार्यशालाएँ
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प्रस्तुतियों और वीडियो के माध्यम से जागरूकता सत्र
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पर्चों का वितरण और पोस्टरों का प्रदर्शन
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विभिन्न एफएम रेडियो स्टेशनों पर साक्षात्कार
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घर-घर जाकर जागरूकता अभियान
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अस्पताल कर्मचारियों के लिए प्रशिक्षण और जानकारी सत्र
नेत्रदान की प्रक्रिया

ऑनलाइन फॉर्म, जागरूकता कार्यक्रमों या संस्था के कार्यालय में जाकर नेत्रदान का संकल्प लें।
अपने इस निर्णय के बारे में अपने परिवार को अवश्य बताएँ, ताकि आवश्यकता पड़ने पर वे आपकी ओर से आगे की प्रक्रिया पूरी कर सकें।
परिवार के किसी सदस्य के निधन के बाद तुरंत दिशा की 24×7 हेल्पलाइन 989-8988-667 पर कॉल करें।
दिशा की टीम के पहुँचने तक उस कमरे के सभी पंखे—छत या टेबल फैन—बंद कर दें, जहाँ पार्थिव शरीर रखा गया है। उपलब्ध होने पर कमरे का एयर कंडीशनर चालू कर दें।
सिर के नीचे तकिया या तौलिया रखकर पार्थिव शरीर को थोड़ा ऊँचा रखें।
आँखों पर गीली रूई रखें, ताकि आसपास का भाग नम बना रहे।
ऊतक प्राप्त करने के लिए दिशा टीम के पहुँचने की प् रतीक्षा करें।











